हैलो, मेरा नाम राज है। मैं लखनऊ का रहने वाला हूं। मैंने कई साइट्स पर ऐसी कहानियां पढ़ी हैं, और आज मैं अपनी xxx बहन की चुदाई कहानी सुना रहा हूं, जो एक देसी xxx कहानी है। यह मेरी जिंदगी की वो सच्ची घटना है जिसे मैंने सालों से अपने दिल में दबाकर रखा था, कभी किसी से शेयर नहीं किया क्योंकि डर था कि कहीं दुनिया क्या कहेगी। लेकिन अब लगता है कि इसे बाहर निकालना जरूरी है। मेरी बहन रिया एक खूबसूरत और जवां लड़की है, उसकी उम्र 25 साल है, गोरा रंग, लंबे बाल, और फिगर ऐसा कि कोई भी देखकर पागल हो जाए। उसके बड़े-बड़े स्तन और गोल गांड देखकर पड़ोस के लड़कों के लंड खड़े हो जाते हैं। और वो दूसरा शख्स हमारे पड़ोस में रहने वाला एक दुकानदार है, नाम इरफान, उम्र करीब 40 साल, काला रंग, मजबूत बदन, और वो मुस्लिम है। वो हमेशा बहन को घूरता रहता था, लेकिन मैंने कभी सोचा नहीं था कि बात इतनी आगे बढ़ जाएगी।
अब मैं अपनी कहानी की ओर बढ़ता हूं। उस दिन सुबह-सुबह मैंने बहन से कहा कि मैं शहर जा रहा हूं, कुछ काम है। बहन ने कहा, ‘आज इरफान पैसे मांगने आएगा, मैं क्या करूं? पैसे कहां से दूं?’ मैंने कहा, ‘उसे बोलना कि परसों आना, मैं तब दे दूंगा।’ मैं वाकई में अपने दोस्त के साथ शहर जाने वाला था, लेकिन जब मैं उसके घर पहुंचा तो वो घर पर नहीं था। मैंने सोचा, ठीक है, कल चला जाऊंगा। घर वापस लौटते हुए मैंने सोचा कि कमरे में जाकर आराम करूं। लेकिन जैसे ही मैं कमरे के पास पहुंचा, मुझे अंदर से कुछ अजीब-सी आवाजें सुनाई दीं। दिल धक से रह गया, मैंने सोचा क्या हो रहा है? धीरे से दरवाजे की झिरी से झांककर देखा तो हैरान रह गया।
अंदर बहन किचन की तरफ जा रही थी, और इरफान मेरे कमरे में बैठा था। वो अभी-अभी आया लगता था, क्योंकि उसकी सांसें तेज चल रही थीं। वो पैसे की बात कर रहा था, बोला, ‘बताओ, कैसे वसूल करूं अपने पैसे?’ बहन ने कहा, ‘अब आप ही बताओ, कैसे होगा?’ इरफान ने मुस्कुराते हुए कहा, ‘मेरे पास एक तरीका है, जिससे ये समस्या हल हो सकती है।’ बहन ने पूछा, ‘क्या है वो?’ वो उठा, बहन के पास गया, और धीरे से उसकी गांड पर हाथ फेरते हुए बोला, ‘इसके जरिए।’ बहन ने शर्मा कर कहा, ‘अगर किसी ने देख लिया तो मुसीबत हो जाएगी।’ इरफान ने हंसकर कहा, ‘तुम्हारा भाई तो शहर गया है, कोई समस्या नहीं।’ फिर उसने बहन की सलवार का नाड़ा खोल दिया और उसे नीचे सरका दिया। बहन ने कुछ नहीं कहा, शायद डर रही थी या फिर मन ही मन तैयार थी।
अब इरफान बहन के पीछे खड़ा हो गया। बहन ने अपनी गोरी गांड थोड़ा पीछे किया, जैसे रास्ता दिखा रही हो। इरफान का लंड काला, 10 इंच लंबा और 3 इंच मोटा था, मैंने देखा तो डर गया कि बहन की गांड फट जाएगी। उसने बहन की कमर पकड़ी, अपना लंड निकाला, और बहन की गांड पर सटाकर एक जोरदार झटका मारा। बहन पूरी तरह कांप गई, उसकी आंखें बंद हो गईं, और मुंह से ‘उफ्फ’ की आवाज निकली। मुझे लगा कि उसका टोपा अंदर चला गया है। फिर बहन चाय बनाने लगी, और इरफान अपनी कमर हिलाने लगा, धीरे-धीरे अंदर-बाहर करने लगा। बहन के मुंह से लगातार ‘उफ्फ… उफ्फ…’ निकल रहा था, कभी-कभी जोर की सिसकारी। मैं छिपकर देख रहा था, मेरा दिल तेज धड़क रहा था, लेकिन रुक नहीं पा रहा था।
जब बहन चीनी लेने के लिए थोड़ा घूमी, तो मैंने साफ देखा कि इरफान का मोटा लंड बहन की गांड में अंदर-बाहर हो रहा है। बहन का चेहरा लाल हो गया था, पसीना छूट रहा था, लेकिन वो चाय बना रही थी। कुछ देर बाद इरफान ने जोर का झटका मारा, पूरा लंड अंदर डालने की कोशिश की। बहन जोर से चिल्लाई, ‘आह… और है क्या?’ इरफान ने कहा, ‘नहीं, बस।’ फिर वो बहन की गांड मारता रहा, जोर-जोर से धक्के लगाता रहा, जब तक चाय नहीं बन गई। बहन की सांसें तेज थीं, उसकी आंखों में आंसू थे, लेकिन वो रुकी नहीं। इरफान हांफने लगा, मुझे लगा कि अब उसका वीर्य गिरने वाला है।
जैसे ही बहन ने गैस बंद की, इरफान ने अपना सिर बहन के कंधे पर रख दिया और चुपचाप खड़ा हो गया। मैं समझ गया कि उसने बहन की गांड में अपना वीर्य गिरा दिया है। बहन ने धीरे से अपनी कमर खींची, इरफान का लंड निकाला, और उसे चाय का कप देकर बाथरूम चली गई। इरफान चाय पीते हुए कमरे में चला गया, उसका चेहरा संतुष्ट लग रहा था। बहन पेशाब करके बाहर आई, उसकी चाल थोड़ी लड़खड़ा रही थी, शायद दर्द हो रहा था। फिर इरफान बाथरूम गया, और बाहर आकर सीधे बहन के मुंह में अपना लंड दे दिया। बहन ने उसे चूसना शुरू कर दिया, जीभ से चाटती हुई, और जल्दी ही वो फिर से खड़ा हो गया, और बड़ा भी।
फिर इरफान ने बहन का हाथ पकड़ा और उसे वापस कमरे में ले जाने लगा। बहन ने पूछा, ‘अब क्या है?’ इरफान ने कहा, ‘अभी तो सूद था, ब्याज बाकी है।’ कमरे में पहुंचकर उसने बहन को बेड पर लिटा दिया। बहन लेट गई, उसकी आंखों में डर और उत्सुकता दोनों थे। इरफान ने धीरे-धीरे बहन के सारे कपड़े उतार दिए – पहले कुर्ता, फिर ब्रा, फिर पैंटी। बहन नंगी हो गई, उसके गोरे बदन पर पसीने की बूंदें चमक रही थीं। इरफान उसे घूरता रहा, उसके स्तनों को देखता, चूत को देखता, जैसे कोई भूखा शेर। फिर उसने अपने कपड़े उतारे, और बहन उसके 10 इंच के काले लंड को देखकर सिहर उठी।
इरफान बहन की जांघों पर बैठ गया, उसकी चूत को फैलाकर देखने लगा। फिर झुककर चूत पर किस किया, बहन ने आंखें बंद कर लीं। मैं जोश में आ गया, क्योंकि मेरी बहन की गोरी चूत उस काले लंड से फटने वाली थी। इरफान ने पास पड़े तेल के डिब्बे से तेल निकाला, पहले बहन की चूत में लगाया। बहन के मुंह से ‘आह… उफ्फ…’ निकला, वो सिसक रही थी। तेल लगाते हुए वो उंगली अंदर-बाहर कर रहा था, बहन की कमर ऊपर उठ रही थी, उसकी सांसें तेज हो गईं। फिर उसने अपने लंड पर तेल लगाया, जो पहले से ही मोटा और लंबा था।
अब इरफान ने अपना लंड बहन की चूत पर रखा। बहन ने खुद अपने हाथों से चूत फैला दी, जैसे इंतजार कर रही हो। इरफान ने जोर का झटका मारा, बहन की जोरदार सिसकारी निकली, वो पूरी कांप उठी। उसने पूछा, ‘अंदर गया क्या?’ बहन ने हां में सिर हिलाया। उसका टोपा अंदर चला गया था। फिर इरफान जोर-जोर से झटके मारने लगा, धीरे-धीरे लंड अंदर धकेलता रहा। बहन दर्द से कराह रही थी, उसके नाखून बेडशीट में गड़े हुए थे। कुछ देर बाद आधा लंड अंदर था, बहन ने पूछा, ‘कितना बाहर है?’ इरफान मुस्कुराया, ‘बस 2 इंच।’
फिर एक जोरदार झटका, बहन के मुंह से ‘आह… उफ्फ…’ निकला। पूरा लंड बहन की चूत में समा गया। बहन अपनी चूत से पैसे का ब्याज दे रही थी। मैं देख रहा था, मेरा मन अजीब हो रहा था – गुस्सा, जोश, सब मिला हुआ। इरफान ने बहन की चुचियां मसलनी शुरू कीं, निप्पल चूसने लगा। बहन अब मस्ती में आ गई, बोली, ‘धीरे-धीरे… आह…’ इरफान उसे बुरी तरह चोद रहा था, जोर-जोर से धक्के, चूत से चपचप की आवाज आ रही थी। बहन 2-3 बार झड़ चुकी थी, उसका रस बह रहा था, लेकिन इरफान 30 मिनट बाद भी नहीं रुका।
बहन सोच रही होगी कि किस जानवर से पाला पड़ा है। उसने कहा, ‘अब बर्दाश्त नहीं होता… जल्दी गिराओ।’ इरफान ने और स्पीड बढ़ाई, बहन की चूत में जोरदार धक्के मारते हुए उसके होंठ चूसने लगा। मुझे लगा अब उसका पानी गिरने वाला है। बहन ने कहा, ‘चूत के अंदर मत गिराना, प्रेग्नेंट हो जाऊंगी।’ इरफान ने कहा, ‘कुछ नहीं होगा।’ फिर बहन भी उसका साथ देने लगी, अपनी कमर ऊपर उठाकर। दोनों के बदन पसीने से भीगे थे, कमरा उनकी सिसकारियों से गूंज रहा था।
कुछ देर बाद इरफान ने अपना पानी बहन की चूत में गिरा दिया। वो बहन के ऊपर लेटा रहा, दोनों हांफ रहे थे। फिर उसने लंड निकाला, बहन के ऊपर से हटा। पूछा, ‘मजा आया?’ बहन शर्मा गई, हाथों से मुंह ढक लिया। इरफान ने कपड़े ठीक किए, बहन भी उठी, लेकिन उसकी चूत इतनी सूजी हुई थी कि लग रहा था किसी ने मूसल से पीटा हो। वो ठीक से चल नहीं पा रही थी, दर्द से कराह रही थी।
जब इरफान जाने लगा, मैं छिप गया। मैं कुछ कर भी नहीं सकता था, बस देखता रहा। बाद में सोचता रहा कि बहन ने क्यों ऐसा किया, शायद मजबूरी थी या फिर मजा। लेकिन वो दिन मेरे दिमाग से नहीं निकलता।
यह मेरी असली कहानी है। क्या आपको लगता है मैंने सही किया? कृपया अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं। अगर आपकी भी ऐसी कोई अनोखी अनुभव है तो शेयर करें।”
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