हेल्लो दोस्तों, यह मेरी देसी हिंदी सेक्स कहानी है, xxx वाइफ सेक्स कहानी, जो मेरी सच्ची जिंदगी की घटना है जिसे मैं सालों से अपने दिल में दबाए रखा था और कभी किसी को बताने की हिम्मत नहीं जुटा पाया। मैं पिछले साल हैदराबाद से ट्रांसफर होकर चेन्नई आ गया था। कंपनी में काम का बोझ इतना ज्यादा था कि मुझे रोज रात 8 बजे तक ऑफिस में रहना पड़ता था। मेरे दोस्त मुझे कहते थे कि अमित, इतना काम मत किया कर, लेकिन मैं एक सीधा-सादा इंसान था, इसलिए लोग मुझे सम्मान देते थे। मेरी उम्र 29 साल है, हाइट 5.8 फीट, सामान्य रंग। उसी कंपनी में राजेश नाम का एक लड़का काम करता था, उसकी उम्र करीब 32 साल होगी। समय के साथ हम अच्छे दोस्त बन गए और रोज बातें करते रहते थे। बातों-बातों में उसने बताया कि वो अपनी पत्नी के साथ चेन्नई में रहता है। मैंने भी अपनी जिंदगी के बारे में थोड़ा-बहुत शेयर किया, लेकिन मैं हमेशा काम में व्यस्त रहता था, घर से दूर, पत्नी से अलग, कभी-कभी अकेलापन महसूस होता था, लेकिन मैं इसे छिपाता रहता था।
एक दिन बातों-बातों में राजेश ने थोड़ी मजाक वाली बातें शुरू कर दीं और कहा कि उसकी पत्नी बहुत मस्त है, वो जिंदगी का पूरा मजा ले रहा है। फिर उसने मेरे बारे में पूछा तो मैंने कहा कि मेरी पत्नी अच्छी है, उसमें सब कुछ ठीक है। एक महीना ऐसे ही गुजर गया और वो धीरे-धीरे ज्यादा खुलने लगा। मैंने देखा कि उसकी बातों में एक अलग तरह की खुलापन आ रहा था, जैसे वो कुछ छिपा रहा हो लेकिन बताना चाहता हो। एक शाम हम दोनों ऑफिस से निकले तो वो मेरे साथ गेट तक आया। फिर उसने कहा कि अमित, मैं तुमसे कुछ बात करना चाहता हूं। मैंने कहा बोलो, तो उसने कहा कि तुम एक अच्छे इंसान हो, पूरी कंपनी में तुम ही मुझे सबसे सरल और मजबूत आदमी लगते हो। तुम अकेले रहते हो, पत्नी से दूर, अगर तुम चाहो तो मैं तुम्हारी मदद कर सकता हूं। मैंने पूछा कैसे, तो उसने सीधे कह दिया कि तुम मेरी बीवी को चोद लो। उसके मुंह से चोद जैसे शब्द सुनकर मैं स्तब्ध रह गया, मेरे दिमाग में हजार सवाल घूमने लगे, क्या ये मजाक है या सच?
मैंने कहा यार, अचानक क्या हो गया, ये क्या बोल रहे हो? वो बोला कि मेरी पत्नी प्रिया बहुत सुंदर है, तुम्हें बहुत मजा आएगा। मैंने कहा लेकिन मुझे खुश करने के लिए तुम अपनी बीवी क्यों चुदवा रहे हो? मैंने कहा कि ये नहीं हो सकता, अगर मूड हुआ तो बाहर कहीं कर लूंगा। हम दोनों चले गए, लेकिन मेरे दिमाग में वो बात घूमती रही, रात भर सो नहीं पाया, सोचता रहा कि राजेश ऐसा क्यों कह रहा है, क्या कोई समस्या है उसके वैवाहिक जीवन में? मैंने खुद को समझाया कि शायद मजाक कर रहा होगा।
फिर राजेश ने मुझे रात को फोन किया और कहा कि मेरी बीवी की चुत मार लो, वो बहुत मस्त है, एक बार देख तो लो। मैंने कहा क्लियर बताओ, क्या तू उसे चोद नहीं पाता, तेरा लंड खड़ा नहीं होता? राजेश ने कहा अमित, ऐसा नहीं है, हम बहुत मस्त चुदाई करते हैं लेकिन मुझे अपनी बीवी को चुदवाने का मन कर रहा है और तुमसे बेहतर और मस्त इंसान मुझे नहीं मिल सकता। राजेश ने कहा कि तुमसे चुदवाना सुरक्षित रहेगा और मेरा सपना उसे चुदवाते हुए पूरा हो जाएगा। मैंने सोचा कि ये क्या पागलपन है, लेकिन कहीं न कहीं उत्सुकता जाग रही थी। उसने मेरी तारीफ की और कहा कि मैं भरोसेमंद हूं।
अमित, मैंने सोच लिया है कि तुमसे ही अपनी बीवी को चुदवाने का, एक बार प्रिया को देख लो, अगर नहीं करना तो मत करना। और तुम्हारा लंड भी अच्छा है, मैंने उस दिन टॉयलेट में तुम्हें मुठ मारते देखा था, प्रिया को तुम्हारा लंड पसंद आएगा। मैंने राजेश से कहा कि क्या प्रिया तैयार है इसके लिए? राजेश ने कहा कि वो मान जाएगी जब मैं तुमसे मिलवाऊंगा, प्रिया की टेंशन मत लो, बस अपना मूड बनाओ उसे चोदने का। एक बार अमित हां कर दो, हम मिलकर चोदेंगे उसे। मैंने सोचा काफी देर, मन में द्वंद्व चल रहा था, नैतिकता और इच्छा के बीच, आखिर मैंने कहा ठीक है, मैं कल आता हूं। उस रात नींद नहीं आई, सोचता रहा कि क्या सही कर रहा हूं।
अगले दिन ऑफिस का काम खत्म करके मैं राजेश के साथ उसके घर गया, बेल बजाई तो राजेश ने दरवाजा खोला क्योंकि प्रिया की आवाज आई कि दरवाजा खुला है। मैं अंदर जाकर सोफे पर बैठ गया। तभी वो किचन में काम कर रही थी, मुझे चेहरा तो नहीं दिखा लेकिन जितना दिखा उसने मेरा लंड खड़ा कर दिया। उसने हरी रंग की साड़ी पहनी हुई थी, मुझे सिर्फ उसके पैर दिखे, इतने गोरे और लाल कि मैं पागल हो गया। दूध से भी ज्यादा गोरे पैर थे, जैसे ही वो थोड़ा आगे हुई तो उसकी हाई हील से पैर ऊपर हुआ और पैर की लाल सोल दिखी। मैंने कभी इतने सुंदर पैर नहीं देखे, मन में इच्छा जागी कि इन्हें छू लूं।
मैंने जीवन में इतने सुंदर क्लीन वाइट पैर नहीं देखे थे। मेरा लंड खड़ा हो गया और मैंने उसे देखकर खुद से कहा कि हां, मैं उसे चोदने के लिए तैयार हूं। फिर राजेश ने मुझे मुस्कान दी और मेरे उठे हुए लंड की तरफ देखा। मैंने छुपाने की कोशिश की लेकिन उसने मुस्कुराकर मेरे खड़े लंड को देखा। फिर प्रिया चाय लेकर आई और मैं तो उसे देखकर पागल हो गया। एकदम हीरोइन जैसी थी वो, और मैं समझ गया कि इतनी सुंदर बीवी होगी तो दो लंड तो चाहिए ही, एक लंड से क्या होगा। मैंने नमस्ते कहा और उसने भी नमस्ते कहा। उसका चेहरा, उसकी आंखें, सब कुछ आकर्षक था, मैं बार-बार उसके पैरों की तरफ देख रहा था।
फिर मुझे चाय दी और पास में बैठकर पूछने लगी, मेरी नजर न चाहते हुए भी उसके पैरों पर जा रही थी। मैं वहां से नजर नहीं हटा पा रहा था, फिंगर्स भी बहुत प्यारी थीं। तभी राजेश ने पूछा कि अमित अब बोलो हां या ना। मैंने एकदम कह दिया हां। वो हंस दिया। तभी उसने कहा कि प्रिया, अमित तुझे चोदना चाहता है, बोल चुदवाना है इससे। प्रिया शर्माने लगी और सिर झुका लिया। मैं समझ गया कि राजेश ने पहले ही प्रिया से बात कर ली थी। तभी राजेश ने कहा कि अमित, मेरी बीवी के पैर कैसे लगे। मैंने कहा बहुत सुंदर हैं, चल मेरी बीवी के पैर चाट और उनकी खुशबू ले। मैंने सोचा ये क्या हो रहा है, लेकिन उत्साह बढ़ रहा था।
तभी प्रिया बोली कि राजेश क्या कह रहे हो, अमित जी प्लीज ऐसा कुछ नहीं है, आप आराम से बैठो। तभी राजेश ने मुझे सेक्सी नजर से देखा और करने का इशारा किया। मैं प्रिया के पास गया और नीचे बैठ गया। प्रिया ने अपने दोनों पैर मेरी गोद में रख दिए। मैंने उसके गोरे पैरों को पास से देखा तो पागल हो गया, इतने नरम, लाल। इससे पहले मैं कुछ करता, प्रिया ने मुझे उसकी हाई हील निकालने को कहा। मैंने जैसे ही एक हील निकाली, उसने अपने पैर को मेरे लंड पर मलना शुरू कर दिया और दूसरे पैर की सोल को मेरी लिप्स के पास, गाल के पास रगड़ने लगी। इतनी अच्छी खुशबू से मैं सब भूल गया, मेरी सांसें तेज हो गईं।
प्रिया ने मुझे कहा कि अमित, मेरे पैरों की हील चाटकर साफ कर दो। मैं पागलों की तरह उसके हील के हिस्से को चाटा जहां उसके पैर की सोल टच थी। फिर उसने मुझे उसके पैरों पर सिर टेकने को कहा, मैंने दोनों पैरों पर अपना सिर लगाया और उन्हें चूमा। तब तक राजेश भी पास आ गया था और उसने प्रिया के बूब्स मसलने लगा। प्रिया आह भरती हुई मेरे मुंह के पास अपने पैर रगड़ने लगी। मुझसे रहा न गया और उसके पैर का अंगूठा मुंह में लेकर चूसने लगा। उसने अपने दोनों पैरों के अंगूठे मेरे मुंह में डालकर आगे-पीछे करने लगी। मैं तो दूसरी दुनिया में चला गया, खुशबू और स्वाद ने मुझे मदहोश कर दिया।
उसने पैरों की सोल मेरी जीभ पर चलाने लगी और कहा कि मेरे पैरों की सोल चाटो अच्छे से, लाल कर दो। तभी प्रिया ने अपने पति की पैंट खोलनी शुरू कर दी और उसके लंड को बाहर निकाल लिया। मैं राजेश के लंड को देखकर हैरान रह गया, 7 इंच गोरा, लंबा और मोटा, उसके लंड का टोपा बहुत मोटा और सुंदर था। मैंने सोचा इतना सुंदर लंड, मेरी आंखें फटी रह गईं।
मेरा लंड भी 6.5 इंच गोरा और मस्त है लेकिन राजेश का लंड मुझसे भी बेहतर था। तभी राजेश ने पूछा कि मेरी बीवी के पैरों का टेस्ट कैसा लगा। मैंने कहा बहुत टेस्टी हैं तेरी बीवी के पैर। तभी प्रिया ने मुझे कहा कि वो अपने पैर अलग पोजीशन में चुसवाएगी, तभी उसने अपने पैर राजेश के लंड के पास ले गई और मुझे पैर चूसने को कहा। उसने अपने पति के लंड पर अपने पैर रगड़े और अंगूठा मेरे मुंह में डालकर चुसवाया। उसके लंड को दोनों पैरों की सोल में रगड़कर मुझसे अपने पैरों की सोल चटवाई। मुझे उसके पैरों का टेस्ट और भी मस्त लगा। राजेश का लंड वैसे भी बहुत सुंदर था और इतने मस्त के लिए मैं राजेश का लंड का प्री-कम भी चाट सकता था। तभी प्रिया ने राजेश के लंड को पैर से पकड़ा और मुझे पैर चाटने को कहा। मैंने और ज्यादा विस्तार से चाटा, हर हिस्से को महसूस किया।
जब मैं पैर चाट रहा था तो राजेश का लंड मेरे लिप्स पर लग रहा था, तभी प्रिया ने अपने पैर का अंगूठा अपने पति के लंड के टोपे पर लगाया और मुझे कहा कि मेरा पैर का अंगूठा मुंह में लो। जैसे ही मैंने लिया तो राजेश के लंड का टोपा भी मेरे मुंह में चला गया। मैं दोनों को एक साथ चूसने लगा, स्वाद अनोखा था, मैं खुद को रोक नहीं पाया। तभी प्रिया ने मुझे पकड़कर कसके झुका दिया और उसका अंगूठा और लंड मेरे मुंह में अंदर चला गया। तभी प्रिया ने अपना अंगूठा निकाल लिया और मेरे बालों में अपने पैर चलाने लगी। अब मेरे मुंह में राजेश का लंड था और मैं उसे चूसने से खुद को रोक नहीं सका। उसके लंड पर प्रिया के पैरों का टेस्ट था जिसे चूसने में मजा आ रहा था। मैंने धीरे-धीरे चूसा, हर पल का मजा लिया।
बस वो मेरे गालों पर अपने पैर घुमाती गई और मैं राजेश को हार्ड सकिंग देता गया। फिर राजेश ने अपना लंड मेरे मुंह से निकाला और कहा कि तुझे मेरी बीवी चोदनी है, चल प्रिया इसके पैंट में जो टेंट है वो देख कितना है। प्रिया ने मेरी पैंट खोली और अंडरवियर बिना निकाले मेरे लंड को कसके दबाया। फिर उसने मुझे टेबल की चेयर पर बिठाया और खुद टेबल पर बैठकर अपने पैर से मेरे अंडरवियर में अंदर मस्ती करने लगी। तभी उसने राजेश को नीचे बैठने को कहा और बोला कि मेरे पैर दबाओ। मैंने महसूस किया कि ये सब कितना उत्तेजक है, मेरी सांसें तेज थीं।
राजेश ने मेरा अंडरवियर निकाला और दूर फेंक दिया, तभी प्रिया बोली कि मस्त लंड है साले, तुम दोनों मिलकर मुझे पूरी रात मजा दोगे। आई लव यू राजेश जो तुम्हें मेरा इतना ख्याल है। मेरे लिए गर्व की बात होगी कि अपने पति के सामने दूसरे मर्द से चुदूंगी। आह, कितना मजा आएगा जब दो लंड मेरे लिए पागल होंगे। तभी उसने मेरे लंड पर पैर फिराना शुरू कर दिया और राजेश उसकी लेग्स चूसता हुआ उसके पैंटी तक पहुंच गया। फिर हमने पूरी रात चुदाई की, हर पोजीशन में, मैंने प्रिया की चुत चोदी, राजेश ने देखा, फिर हम दोनों ने मिलकर। वो रात अविस्मरणीय थी, ज्यादा डिटेल्स बताकर लंबा कर सकता हूं लेकिन बस इतना कहूंगा कि वो अनुभव जीवन बदल देने वाला था।
यह मेरी असली कहानी है। क्या आपको लगता है मैंने सही किया? कृपया अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं। अगर आपकी भी ऐसी कोई अनोखी अनुभव है तो शेयर करें।”
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